नई दिल्ली | Crime India News: राजधानी दिल्ली में सोमवार को हजारों प्रदर्शनकारियों ने संसद की ओर मार्च किया। यह प्रदर्शन शिक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं, परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग और सामाजिक कार्यकर्तासोनम वांगचुकको अस्पताल ले जाने की कार्रवाई के विरोध में आयोजित किया गया। प्रदर्शन के दौरान कई स्थानों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव की स्थिति देखने को मिली।
रिपोर्ट के अनुसार, जंतर-मंतर से संसद की ओर निकले प्रदर्शन में10,000 से अधिक लोगशामिल हुए। दिल्ली पुलिस ने मार्च को रोकने के लिए कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की और भीड़ को तितर-बितर करने के लिएआंसू गैस के गोले छोड़े तथा लाठीचार्ज किया। सोशल मीडिया पर वायरल कई वीडियो में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की के दृश्य भी सामने आए हैं। हालांकि, पुलिस ने कुछ दावों का खंडन किया है।
इस प्रदर्शन को उस समय और बल मिला जबकरीब तीन सप्ताह से भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुकको हाल ही में स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए अस्पताल ले जाया गया। आंदोलन से जुड़े लोगों का आरोप है कि यह कार्रवाई उनकी सहमति के बिना की गई, जबकि प्रशासन का कहना है कि यह कदम उनकी बिगड़ती सेहत को देखते हुए उठाया गया।
प्रदर्शन के दौरान आंदोलन से जुड़े नेताओं ने केंद्र सरकार से शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता लाने, कथित परीक्षा घोटालों की निष्पक्ष जांच कराने और युवाओं की मांगों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के खिलाफ भी नारेबाजी की।
दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए संसद क्षेत्र और जंतर-मंतर के आसपास बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की। कुछ मेट्रो स्टेशनों के निकास मार्ग भी एहतियातन बंद किए गए, हालांकि इसके बावजूद बड़ी संख्या में लोग पैदल मार्च में शामिल हुए।
फिलहाल स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है। आंदोलनकारी अपनी मांगों पर सरकार के साथ सार्थक बातचीत की मांग कर रहे हैं, जबकि सरकार की ओर से सीमित स्तर पर वार्ता का प्रस्ताव दिए जाने की जानकारी भी सामने आई है।