गुरुग्राम, 11 नवंबर 2025 ।
दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम (डीएचबीवीएन) ने प्रबंध निदेशक अशोक कुमार गर्ग के निर्देशानुसार पर्यावरण संरक्षण और हरित ऊर्जा की दिशा में गत दिवस एक ओर उल्लेखनीय कदम बढ़ाते हुए हिसार के गांव मोडाखेड़ा में चार सौर ऊर्जा संयंत्रों का सफलतापूर्वक संचालन शुरू किया। इन संयंत्रों की कुल स्थापित क्षमता 8 मेगावाट है।
डीएचबीवीएन प्रवक्ता संजय चुघ ने बताया कि इस उपलब्धि के साथ डीएचबीवीएन के परिचालन में चल रहे सौर संयंत्रों की संख्या बढ़कर 17 हो गई है, जिनकी कुल उत्पादन क्षमता अब 25.65 मेगावाट हो गई है। यह उपलब्धि हरियाणा सरकार के नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्यों की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रगति है और डीएचबीवीएन की सतत विकास एवं हरित ऊर्जा के प्रति दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में 61 सौर संयंत्रों के लिए पावर परचेज एग्रीमेंट (पीपीए) किए जा चुके हैं, जिनकी नियोजित कुल क्षमता 105.75 मेगावाट है। डीएचबीवीएन का लक्ष्य शेष संयंत्रों का संचालन 31 दिसंबर 2025 तक सुनिश्चित करना है, ताकि राज्य के विद्युत ग्रिड में स्वच्छ ऊर्जा का सुचारु एकीकरण किया जा सके।
हर नए संयंत्र के साथ डीएचबीवीएन नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में उत्कृष्टता के नए मानक स्थापित कर रहा है, जो प्रदेश की समृद्धि और पर्यावरणीय संतुलन दोनों को सशक्त बना रहा है।
फोटो: सौर ऊर्जा प्लांट के साथ खड़े डीएचबीवीएन अधिकारी गण।
