बजट से पहले अखिलेश यादव का बड़ा हमला, बोले– जब सरकार से उम्मीद नहीं तो बजट से क्या उम्मीद?

लखनऊ : केंद्रीय बजट से पहले समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष Akhilesh Yadav ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। अखिलेश यादव ने साफ शब्दों में कहा कि “जब इस सरकार से पहले से ही कोई उम्मीद नहीं है, तो बजट से क्या उम्मीद रखी जाए?”

उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार का बजट केवल 5 प्रतिशत संपन्न लोगों को ध्यान में रखकर बनाया जाता है, जबकि आम जनता, किसान, युवा और मध्यम वर्ग को हर बार निराशा ही हाथ लगती है।


🏛️ सरकार की नीतियों पर सवाल

अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार की आर्थिक नीतियां आम लोगों की समस्याओं से कट चुकी हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि—

  • महंगाई लगातार बढ़ रही है

  • बेरोज़गारी चरम पर है

  • किसानों की आय नहीं बढ़ी

  • युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सीमित हैं

इसके बावजूद बजट में कॉरपोरेट और बड़े उद्योगपतियों को ही प्राथमिकता दी जाती है।


⚠️ “आम जनता के हाथ खाली”

सपा अध्यक्ष ने कहा कि हर साल बजट से पहले बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन बजट आने के बाद आम जनता के हाथ खाली रह जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को बजट में

  • महंगाई से राहत

  • रोजगार सृजन

  • किसानों को सीधी मदद

  • शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च

जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देनी चाहिए।


🔥 बजट से पहले सियासी माहौल गरम

अखिलेश यादव के इस बयान के बाद बजट से पहले ही राजनीतिक माहौल गरमा गया है। विपक्षी दल लगातार सरकार पर आम जनता की अनदेखी का आरोप लगा रहे हैं, जबकि सरकार बजट को विकासोन्मुख बता रही है।


🔎 मुख्य बिंदु (Key Points)

  • बजट से पहले अखिलेश यादव का सरकार पर हमला

  • बोले– सरकार से उम्मीद नहीं तो बजट से क्या उम्मीद

  • बजट को केवल 5% संपन्न लोगों के लिए बताया

  • महंगाई, बेरोजगारी और किसानों के मुद्दे उठाए

  • बजट से पहले सियासी बयानबाज़ी तेज