IDFC First Bank ने दिया बयान, हरियाणा मामले में 100% राशि लौटाने का दावा

चंडीगढ़ | हरियाणा में कथित ₹590 करोड़ की धोखाधड़ी के आरोपों के बीच IDFC First Bank ने आधिकारिक बयान जारी करते हुए कहा है कि बैंक ने संबंधित सरकारी विभागों को मूलधन और ब्याज सहित 100% भुगतान कर दिया है।

बैंक द्वारा जारी दस्तावेज़ (24 फरवरी 2026) के अनुसार, यह मामला जांच के अधीन था, फिर भी बैंक ने Customer First सिद्धांतों का पालन करते हुए तुरंत भुगतान किया। बैंक के मुताबिक, कुल भुगतान लगभग ₹583 करोड़ के आसपास किया गया है।


🔍 क्या कहा बैंक ने?

  • बैंक ने स्पष्ट किया कि वह उच्च नैतिक मानकों और पारदर्शिता के साथ कार्य करता है

  • जांच जारी होने के बावजूद, ग्राहकों और सरकारी संस्थाओं का भरोसा बनाए रखने के लिए पूरी राशि चुका दी गई

  • बैंक ने कहा कि वह हरियाणा सरकार और जांच एजेंसियों के साथ सहयोग कर रहा है

  • दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और रिकवरी प्रक्रिया जारी है

 



📊 बैंक की वित्तीय स्थिति (बयान के अनुसार)

  • CRISIL आदि से AAA रेटिंग (FDs)

  • कुल बिज़नेस: ₹5.62 लाख करोड़

  • नेट इंटरेस्ट मार्जिन: 5.76%

  • मजबूत कैपिटल एडिक्वेसी और ग्रोथ पोजिशन


⚠️ मामला क्या है?

  • हरियाणा में IDFC First Bank के खिलाफ ₹590 करोड़ की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया

  • FIR दर्ज होने और विजिलेंस जांच शुरू होने की खबरें आई थीं

  • राज्य सरकार द्वारा कुछ स्तर पर बैंक को ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई की बात भी सामने आई


📌 निष्कर्ष
इस पूरे मामले में जहां एक तरफ गंभीर आरोप लगे हैं, वहीं दूसरी ओर बैंक का दावा है कि उसने ग्राहकों और सरकार का भरोसा बनाए रखने के लिए तुरंत पूरा भुगतान कर दिया। अब आगे की कार्रवाई जांच एजेंसियों की रिपोर्ट पर निर्भर करेगी।